19.1 C
Jalandhar
Wednesday, March 18, 2026

अली लारिजानी की मौत से गहराया ईरान में लीडरशिप का संकट

इसराइल के हवाई हमले में ईरान के सुरक्षा प्रमुख अली लारिजानी की मौत ऐसे समय पर हुई है, जब वह इस्लामिक रिपब्लिक के सबसे अनुभवी और प्रभावशाली नीति निर्माताओं में से एक थे.

लारिजानी कोई सैन्य कमांडर नहीं थे, लेकिन ईरान के रणनीतिक फ़ैसले तय करने में उनकी अहम भूमिका थी. सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव के तौर पर वो युद्ध, कूटनीति और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े फैसलों के केंद्र में रहते थे. उनकी बात को सिस्टम में ख़ास महत्व दिया जाता था, ख़ासकर अमेरिका और इसराइल के साथ ईरान के टकराव को संभालने में.

28 फ़रवरी को सुप्रीम लीडर अली ख़ामेनेई की मौत के बाद लारिजानी का रुख़ काफ़ी सख़्त था और उन्होंने संकेत दिया था कि ईरान लंबे संघर्ष के लिए तैयार है. अब उनकी मौत, जिसकी पुष्टि सरकारी मीडिया ने कर दी है, ऐसे समय में हुई है जब कुछ ही हफ़्तों के अंदर कई वरिष्ठ ईरानी अधिकारी और कमांडर मारे जा चुके हैं. यह दिखाता है कि युद्ध के दौरान ईरान की नेतृत्व संरचना को कमज़ोर करने की लगातार कोशिश हो रही है.

पश्चिम के ख़िलाफ़ सख़्त रुख़ के बावजूद ईरान में लारिजानी को अक्सर एक व्यावहारिक नेता माना जाता था.

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
22,800SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles