न्यूज हंट. सागर : मध्य प्रदेश के सागर में एक स्कूल में कोरोना वैक्सीनेशन में बडी चूक और गंभीर लापरववाही का मामला सामने आया है। यहां एक स्कूल में कोविड वैक्सीनेशन (Covid Vaccination) के दौरान एक सिरिंज से 39 बच्चों को वैक्सीन लगा दी गई। मामले में जब हंगामा मचा तब मामले का खुलासा हुआ। जानकारी उजागर होने के बाद प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है। मामले में पुलिस के पास एफआईआर दर्ज करा दी गई है। कुछ बच्चों के पैरेंट्स का ध्यान इस ओर गया कि बच्चों को एक ही सीरिंज से वैक्सीन दिया जा रहा है। इसके तुरंत बाद इस बड़ी लापरवाही का मामला पुलिस के पास पहुंचा।
सागर जिले का मामला
सागर जिला मुख्यालय पर स्थित जैन पब्लिक स्कूल में स्कूली बच्चों के लिए कोरोना वैक्सीनेशन का कैंप लगाया गया था। इसमें स्वास्थ्य विभाग ने निजी कॉलेज नर्सिंग कॉलेज एसवीएन में अध्ययनरत नर्सिंग छात्रों की ड्यूटी भी लगा दी थी। वैक्सीनेशन शुरू हुआ और छात्रों को जितेंद्र राज नाम के थर्ड ईयर के छात्र ने बच्चों को वैक्सीनेशन प्रारंभ कर दिया। एक के बाद एक उसने करीब 39 बच्चों को एक ही सीरिंज से कोविड वैक्सीन लगा दी। मामले में जब एक छात्रा के पिता की नजर पडी तो स्कूल में हंगामा हो गया। घटना के बाद छात्र को मौके से गायब भी कर दिया गया। सूचना जिला प्रशासन तक पहुंची तो हड़कंप मच गया।
कोविड वैक्सीनेशन में गंभीर लापरवाही, एक सिरिंज से 39 बच्चों को लगा दी वैक्सीन, FIR दर्ज
पंजाब : नशे की वजह से हुई 22 साल के बॉक्सिंग खिलाड़ी की मौत, दो बार जीत चुका था नेशनल लेवल का गोल्ड
न्यूज हंट. बठिंडा : नेशनल बॉक्सिंग खिलाड़ी कुलदीप सिंह की नशे की वजह से मौत हो गई है। 5 बार मेडल जीत चुके कुलदीप सिंह ने गोल्ड मेडल भी जीते थे। बीती रात तलवंडी साबो के खेत में खिलाड़ी कुलदीप सिंह की लाश मिली तो हाहाकार मच गया। हेरोइन (चिट्टे) की ओवरडोज के कारण कुलदीप सिंह की मौत हुई है। लाश के पास से इंजेक्शन भी बरामद हुआ है।
2 बार जीता था गोल्ड
सूचना मिलने के बाद पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लिय़ा है और पोस्टमार्टम के लिए तलवंडी साबो ले जाया गया है। पुलिस पूरे मामले की तहकीकात करने में जुट गई है। एक उभरते खिलाड़ी की नशे के कारण हुई मौत से कई सवाल भी खड़े हो रहे हैं। अंडर 17 और अंडर 19 में राष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड मेडल जीत चुके कुलदीप सिंह बॉक्सिग का होनहार खिलाड़ी था तथा वह एक कांस्य पदक भी जीत चुका है। लेकिन कहते हैं ना कि संगत अच्छी हो तो बुरे से बुरा शख्स भी सुधर जाता है और अच्छा-खासा शख्स भी बिगड़ जाता है, यही कुलदीप के साथ हुआ।
WHO की पुरुषों को चितावनी; सेक्स से जुड़ी ये गलती आपको भी बना देगी Monkeypox का शिकार
भारत में मंकीपॉक्स अब धीरे-धीरे अपने पैर पसारने लगा है। कई शहरों में इसके मामले सामने आने के बाद हेल्थ एक्सपर्ट्स भी अब अलर्ट मोड में आ गए हैं। दुनिया भर में इसके खतरे को बढ़ते देख संयुक्त राष्ट्र एजेंसी भी इसे ग्लोबल इमरजेंसी घोषित कर चुकी है। WHO ने भी मंकीपॉक्स के जोखिम को कम करने के लिए कई तरह की गाइडलाइन्स जारी की हैं जिसमें पुरुषों के सेक्सुअल बिहेवियर से जुड़ी कुछ खास बातें हैं।
WHO के महानिदेशक टेड्रोस घेब्रेयसस ने कहा कि इसका सबसे पहला मामला मई में सामने आया था। इसके बाद से 98% मंकीपॉक्स के मामले गे, बायसेक्सुअल और पुरुषों के साथ यौन संबंध रखने वाले पुरुषों में पाए गए हैं। टेड्रोस ने लोगों से अपनी सुरक्षा के लिए कदम उठाने की सलाह दी है। उन्होंने कहा, ‘पुरुषों के साथ यौन संबंध रखने वाले पुरुषों को अपने और दूसरों के लिए सुरक्षित विकल्प बनाना चाहिए। इसके लिए सेक्सुअल पार्टनर्स की संख्या भी कम करनी चाहिए।’
WHO प्रमुख ने कहा कि मंकीपॉक्स से संक्रामक मरीज को खुद को आइसोलेट कर लेना चाहिए और किसी भी भीड़भाड़ वाली जगह पर जाने से बचना चाहिए। साथ ही किसी भी फिजिकल कॉन्टेक्ट या फिर नए सेक्सुअल पार्टनर बनाने से भी बचना चाहिए। हालांकि, US सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन ने सेक्सुअल पार्टनर की संख्या कम करने जैसा कोई सुझाव नहीं दिया है। एजेंसी ने बस मंकीपॉक्स से संक्रमित मरीजों से स्किन टू स्किन कॉन्टेक्ट ना रखने की सलाह दी है।
WHO के अनुसार, मंकीपॉक्स किसी मरीज, उसके कपड़ों या बेडशीट के संपर्क में आने वाले को भी संक्रमित कर सकता है। स्वास्थ्य एजेंसी ने चेतावनी दी है कि कमजोर इम्यूनिटी वालों जैसे कि बच्चों या गर्भवती महिलाओं में यह बीमारी अधिक गंभीर हो सकती है। WHO के सलाहकार एंडी सील ने कहा कि विशेषज्ञों के अनुसार मंकीपॉक्स स्पष्ट रूप से सेक्स के दौरान फैला लेकिन उन्होंने अभी तक यह निष्कर्ष नहीं निकाला है कि यह यौन संचारित संक्रमण था या नहीं।
चंडीगढ़ में लागू होंगे सेंट्रल मोटर व्हीकल रूल्स, अब सिख महिलाओं का भी कटेगा चालान
न्यूज हंट. चंडीगढ़ : चंडीगढ़ में सेंट्रल मोटर व्हीकल रूल्स लागू किए जा रहे हैं। इससे चंडीगढ़ में अब ट्रैफिक नियमों में बदलाव होने वाला है। यह भी कह सकदे हैं कि अब ट्रैफिक वायलेशन पर और ज्यादा सख्ती होने वाली है। बुधवार को हुई राज्य स्तरीय रोड सेफ्टी काउंसिल की बैठक में प्रशासन ने यह फैसला लिया है। अब चंडीगढ़ में सिख महिलाओं के भी विदआउट हेलमेट के चालान होंगे, चाहे उनका सरनेम कौर, गिल और ढिल्लों ही क्यों न हो। रोड काउंसिल की बैठक ने निर्णय लिया है कि अब केवल उन महिलाओं का चालान नहीं होगा जो पगड़ी धारक (टर्बन) हैं। ऐसे में टर्बन पहनने वाली महिलाओं को छोड़कर सभी महिलाओं के लिए टू व्हीलर पर हेलमेट पहनना अनिवार्य है। पंजाब के गवर्नर एवं चंडीगढ़ के प्रशासक बनवारी लाल पुरोहित की मंजूरी के बाद ही यह फैसला लागू किया जाएगा। उम्मीद है कि अगस्त से यह नियम लागू हो जाएगा।
बड़ी खबर : अब 17 साल की उम्र में बनवा सकेंगे वोटर आईडी, निर्वाचन कमिश्न ने जारी किया निर्देश
नई दिल्ली (एजेंसी) : भारतीय निर्वाचन आयोग (Election Commission of India) ने नई पहल की घोषणा की है। ECI ने कहा कि 17 वर्ष से अधिक आयु के युवा अब मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज कराने के लिए अग्रिम रूप से आवेदन कर सकते हैं। उन्हें अब 18 वर्ष की आयु पूर्ण करने के बाद 1 जनवरी की प्रतीक्षा करने की जरूरत नहीं है। चीफ इलेक्शन कमिश्नर राजीव कुमार और इलेक्शन कमिश्नर अनूप चंद्र पांडेय की अध्यक्षता में भारतीय निर्वाचन आयोग ने यह फैसला किया है। ECI की ओर से सभी राज्य स्तरीय निर्वाचन अधिकारियों को इस प्रक्रिया को लागू करने हेतु तकनीकी प्रणाली विकसित करने के निर्देश भी दिए गए हैं, जिससे युवा आसानी से आवेदन दे सकें।
Youngsters above 17 years of age can now apply in advance for having their names enrolled in Voter’s list and not necessarily have to await the pre-requisite criterion of attaining the age of 18 years on 1st January of a year: ECI pic.twitter.com/DhAi7NN1Zo
— ANI (@ANI) July 28, 2022
निर्वाचन आयोग ने गुरूवार को हुई एक उच्चस्तरीय बैठक में इस निर्णय पर सहमति जाहिर की। बीते कुछ महीनों में हुए विधानसभा और निकाय चुनावों की लिस्ट में कई नए मतदाताओं का नाम नदारद थे, जिसकी वजह से सैंकड़ों लोग अपना वोट नहीं डाल पाए। इनमें से अधिकतर लोगों की उम्र 18 से 21 के बीच थी।
ECI के इस फैसले के बाद युवा वयस्क होने के लगभग एक साल पहले ही मतदाता सूची में अपना नाम जुड़वा पाएंगे। इससे चुनावों के दौरान होने वाली अव्यवस्थाओं में कमी देखने को मिल सकती है।
आनलाइन भी दे सकेंगे आधार कार्ड का नंबर
मतदाताओं से आधार कार्ड का नंबर प्राप्त करने के लिए बूथ लेवल आफिसर (BLO) घर-घर जाएंगे। नए प्रारूप में आ रहे फार्म छह-बी पर वह आधार कार्ड का नंबर दर्ज करेंगे। नंबर लेने के एक सप्ताह के भीतर मतदाता के नाम के साथ आधार कार्ड के नंबर को लिंक कराना होगा। मतदाता आनलाइन भी आधार कार्ड का नंबर दे सकेंगे। इसके लिए फार्म छह-बी आनलाइन भी उपलब्ध रहेगा।
मीडिया में फैली सुरक्षा प्राप्त व्यक्तियों की सूची एक आधिकारित दस्तावेज़ नहीं : पंजाब पुलिस
न्यूज हंट. चंडीगढ़ : पंजाब पुलिस ने आज स्पष्ट किया कि मीडिया के एक हिस्से में कथित रूप से प्रसारित किए जा रहे दस्तावेज़ जिसमें सुरक्षा श्रेणियों में सुरक्षा प्राप्त व्यक्तियों के विवरण दिखाए गए हैं, आधिकारित दस्तावेज़ नहीं है और इस दस्तावेज़ के साथ पंजाब पुलिस को जोडऩा गलत है।
पंजाब पुलिस के प्रवक्ता ने बताया कि यह दस्तावेज़ वास्तव में ओ.पी. सोनी द्वारा पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट में साल 2022 में दायर की गई रिट पटीशन नंबर 11872 की अनुसूची-5 का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि यह नत्थी दस्तावेज़ किसी भी तरह पंजाब पुलिस के आधिकारित दस्तावेज़ नहीं हैं।
प्रवक्ता ने आगे बताया कि कथित सूची की आलोचना से साफ़ पता चलता है कि यह एक टाईप किया गया दस्तावेज़ है और दस्तावेज़ में कहीं भी कोई दस्तखत, अधिकृत मोहर या आधिकारित प्रामाणिकता मौजूद नहीं है। उन्होंने कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि यह सूची पटीशनर द्वारा टाईप की गई है और रिट पटीशन के साथ नत्थी की गई है।
प्रवक्ता ने आगे कहा कि कोई भी व्यक्ति तथ्यों की पुष्टि करने के लिए पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट की वैबसाईट से रिट पटीशन की कॉपियाँ प्राप्त कर सकता है। उन्होंने आगे कहा कि यह मामला माननीय हाईकोर्ट में विचाराधीन है और अगली सुनवाई 29 जुलाई, 2022 है।
प्रवक्ता ने इस मुद्दे को सनसनीखेज़ बनाने की भद्दी कोशिशों की निंदा की और एक निजी दस्तावेज़ को पंजाब पुलिस के साथ जोडक़र आम लोगों को गुमराह करने से मना किया है।
BSF बीएसएफ जल्द करेगा हेड कांस्टेबल और ASI के पदों पर नियुक्तियां, देखें डिटेल्स
न्यूज हंट. एजुकेशन डेस्क : BSF Recruitment 2022: बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स (BSF) जल्द ही हेड कांस्टेबल और असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर (Assistant Sub-Inspector) के पदों पर नियुक्तियां करने जा रहा है। कुल 323 पदों पर नियुक्ति होगी। वहीं मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 312 बीएसएफ हेड कांस्टेबल के पदों पर 11 ASI के पदों पर नियुक्तियां होंगी। जल्द ही नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा। बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स जल्द ही इन पदों के लिए डिटेल्ड नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा। इसके बाद इच्छुक अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट https://rectt.bsf.gov.in/ पर जाकर आवेदन कर सकते हैं।
इन तिथियों का रखें ध्यान
बीएसएफ अधिसूचना तिथि- जल्द जारी की जाएगी
बीएसएफ आवेदन की प्रारंभिक तिथि- जल्द जारी की जाएगी
बीएसएफ आवेदन की अंतिम तिथि से- विज्ञापन जारी होने के बाद 30 दिनों के भीतर अंतिम तिथि होगी
Border Security Force की ओर से जारी सूचना के मुताबिक हेड कांस्टेबल मिनिस्ट्रियल के कुल 312 पदों पर कुल नियुक्तियों में यूआर 154, एससी 38, एसटी 14, ईडब्लूएस 41, ओबीसी 65 पदों भर्तियां की जाएंगी। इसके अलावा असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर के 11 पदों पर नियुक्तियां की जाएगी। वहीं इन पदों पर आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से या विश्वविद्यालय से सीनियर सेकेंडरी स्कूल सर्टिफिकेट (10 + 2) परीक्षा के लिए इंटरमीडिएट उत्तीर्ण होना चाहिए। इसके साथ ही उम्मीदवारों को निर्धारित गति से शॉर्टहैंड / टाइपिंग स्पीड टेस्ट उत्तीर्ण करना होगा। उम्मीदवारों को मेडिकल एग्जाम में शामिल होना होगा।
ऐसे करें आवेदन
बीएसएफ एसआई, हेड कांस्टेबल के पदों पर सबसे पहले बुनियादी जानकारी यानी नाम, मोबाइल नंबर और ईमेलआईडी का उपयोग करके खुद को पंजीकृत करना होगा। रजिस्ट्रेशन को पूरा करने के बाद ‘ऑनलाइन आवेदन’ लिंक के तहत सक्रिय विज्ञापनों को उनके क्रेडेंशियल्स का उपयोग करके लॉगइन करके देख सकते हैं। इसके बाद लेटेस्ट विज्ञापन के आगे उपलब्ध ‘यहां आवेदन करें’ लिंक पर जाएं। अब ऑनलाइन आवेदन पत्र के संबंधित क्षेत्रों को भरें और आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें। सारी जानकारी भरने के बाद आवेदन पत्र का पूरा क्रासचेक करके देख सकते हैं। यदि आप कोई सुधार करना चाहते हैं तो कर ले अथवा “वापस” सबमिट करें। इसके बाद अब “सबमिट” बटन पर क्लिक करने के बाद आवेदन में कोई सुधार नहीं किया जा सकता है। उसका प्रिंटआउट लेकर रख लें।
DGCA ने 50% उड़ानों पर लगाईं रोक, फटाफट चेक करें लिस्ट
DGCA Curtails SpiceJet Flights: हवाई यात्रा करने वालों के लिए महत्वपूर्ण खबर है। आप भी अगर अगले 8 हफ्तों तक हवाई यात्रा करने वाले हैं तो ये खबर जरूर पढ़ लें। DGCA ने स्पाइसजेट पर बड़ी कार्रवाई करते हुए 50 फीसदी उड़ानों पर रोक लगा दी है। डीजीसीए ने बुधवार को Spicejet को 8 हफ्ते के लिए अपनी अधिकतम 50 प्रतिशत उड़ानें ही संचालित करने का आदेश दिया, जिन्हें गर्मियों के कार्यक्रम के लिए मंजूरी दी गई थी. हालांकि इससे पहले सिविल एविएशन राज्यमंत्री वीके सिंह ने सोमवार को कहा था कि डीजीसीए ने स्पाइसजेट एयरक्राफ्ट्स के स्पॉट चेक्स के दौरान सेफ्टी में उल्लंघन का कोई बड़ा मामला नहीं पाया गया।
DGCA ने इससे पहले 6 जुलाई को Spicejet को 19 जून से उसके विमान में तकनीकी खराबी की कम से कम 8 घटनाओं के बाद कारण बताओ नोटिस जारी किया था। बुधवार को जारी किए आदेश में DGCA ने कहा, ‘विभिन्न स्पॉट चेक, निरीक्षण के निष्कर्षों और स्पाइसजेट द्वारा प्रस्तुत कारण बताओ नोटिस के जवाब के मद्देनजर सुरक्षित और विश्वसनीय परिवहन सेवा के निरंतर निर्वाह के लिए, स्पाइसजेट के ग्रीष्म अनुसूची 2022 के तहत 8 सप्ताह की अवधि के लिए स्वीकृत प्रस्थान की संख्या को 50 प्रतिशत तक सीमित कर दिया गया है।’
DGCA ने क्यों लिया फैसला?
Spicejet के विमानों में 19 जून से 18 दिनों में तकनीकी खराबी के कम से कम आठ मामले आए जिसके बाद डीजीसीए ने 6 जुलाई को एयरलाइन को एक कारण बताओ नोटिस जारी किया था। नोटिस में कहा गया था कि खराब आंतरिक सुरक्षा निरीक्षण और रखरखाव की अपर्याप्त कार्रवाई की वजह से सुरक्षा मानकों में गिरावट आई है। इसके बाद अब यह बड़ा फैसला लिया है।
इस देश में भारत से भी सस्ता मिलता है इंटरनेट, 1 GB डेटा की कीमत है सिर्फ 3 रुपये
न्यूज हंट, टेक डेस्क : भारत में मोबाइल रिचार्ज प्लान्स पहले के मुकाबले महंगे जरूर हुए हैं लेकिन अब भी भारत में मोबाइल डेटा काफी सस्ता मिल रहा है। मोबाइल डेटा की दरों में Worldwide Mobile Data Pricing 2022 की ताज़ा लिस्ट में भारत को पांचवां स्थान प्राप्त हुआ है। रिपोर्ट में दुनिया भर में 233 देशों में 1 GB मोबाइल डेटा की कीमत नापी गई है। इस लिस्ट को Cable.co.uk नाम की एक वेबसाइट ने किया है। यह एक प्राइस कंपेरिजन साइट है।
इन देशों में मिलता है सबसे सस्ता इंटरनेंट
रिपोर्ट के अनुसार इजरायल में मोबाइल डेटा की कीमतें सबसे कम हैं। इजरायल में 1 GB डेटा की कीमत 0.04 डॉलर यानि 3 रुपये प्रति GB है। दूसरे नंबर पर इटली आता है। यहाँ 1 GB डेटा की कीमत 0.12 डॉलर यानी 9.5 रुपये है। तीसरे नंबर पर San Marino आता है जहां 1 GB डेटा की कीमत 0.14 डॉलर यानी 11 रुपये है। चौथे नंबर पर Fiji देश आता है जहां 1 GB मोबाइल डेटा की कीमत 0.15 डॉलर यानी 12 रुपये पड़ती है। वहीं लिस्ट में पांचवें नंबर पर भारत का नाम आता है, जहां 1 GB मोबाइल डेटा 0.17 डॉलर यानी 13.5 रुपये में मिलता है। रिपोर्ट के अनुसार इजरायल 5G टेक्नॉलजी में ग्लोबल लीडर है। इसमें भारत में सस्ती दरों को लेकर कहा गया है कि यहां जनता मोबाइल डेटा पर बहुत अधिक निर्भर है। इसलिए कीमत को काफी कम रखा गया है।
इन देशों में सबसे महंगा है इंटरनेट
दुनिया में सबसे महंगा मोबाइल डेटा Saint Helena देश में मिलता है। यहां 1 GB मोबाइल डेटा की कीमत 41.06 डॉलर यानी 3,279.65 रुपये है। दूसरे नंबर पर Falkland Islands देश का नाम आता है, यहां 1 GB मोबाइल डेटा की कीमत 38.45 डॉलर यानी 3,071 रुपये है। तीसरे नंबर पर Sao Tome and Principe है, जहां 1 GB मोबाइल डेटा की कीमत 29.49 डॉलर यानी 2,355.50 रुपये है। चौथे नंबर पर Tokelau देश आता है, जहां 1 GB डेटा ग्राहकों को 17.88 डॉलर यानी 1428 रुपये का पड़ता है। लिस्ट में पांचवें नंबर पर Yemen देश है, जहां 1 GB मोबाइल डेटा की कीमत 16.58 डॉलर यानी 1324 रुपये का है।रिपोर्ट से पता चला है कि महंगा मोबाइल डेटा देने वाले टॉप 5 देशों में से दो देश तो Sub-Saharan Africa रीजन में ही आते हैं और इन पांच में से चार देश तो आइलैंड देश हैं।
Guidelines for Monkeypox : मंकीपाक्स के मरीजों और उनके संपर्क में आए लोगों के लिए गाइडलाइन जारी, सरकार ने दिए ये निर्देश
न्यूज हंट. नई दिल्ली : केंद्र सरकार (Government of India) ने मंकीपाक्स (monkeypox) को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है। monkeypox के मरीजों और उनके संपर्क में आए लोगों के लिए जारी दिशा-निर्देशों में 21 दिन का आइसोलेशन शामिल है। सरकार ने कहा है कि संक्रमितों के लिए मास्क पहनना, हाथ की स्वच्छता का पालन करना, घावों को पूरी तरह से ढककर रखना बेहद जरूरी है। इसके साथ ही मरीजों को सामान्य जनजीवन में बाहर निकलने के लिए पूरी तरह से ठीक होने की प्रतीक्षा करना भी इसमें शामिल किया गया है।
सरकार की ओर से जारी दिशा-निर्देशों में बिल्कुल स्पष्ट कहा गया है कि आइसोलेशन में तब तक रहना चाहिए जब तक कि सभी घाव ठीक न हो जाएं और पपड़ी पूरी तरह से गिर न जाए। वहीं संपर्क की पहचान करने की प्रक्रिया के बारे में बताते हुए एक अधिकारी ने कहा कि वह व्यक्ति जो संक्रमित के आमने-सामने या सीधे शारीरिक संपर्क में आता है, या दूषित सामग्री जैसे कपड़े या बिस्तर के संपर्क में आता है तो उसे प्राथमिक संपर्क माना के रूप में लिया जाता है।
एक अधिकारी ने कहा कि संपर्क में आए लोगों को लक्षणों की स्वयं निगरानी करने और जिला निगरानी टीम के संपर्क में रहने को कहा गया है। संपर्क में आए लोगों को खुद को अलग कमरे में रखना चाहिए। मास्क का इस्तेमाल जरूर करना चाहिए। शारीरिक दूरी का पालत करते हुए समय समय पर हाथ साफ करते रहना चाहिए। संपर्क में आए लोगों को निगरानी के दौरान रक्त, कोशिकाओं, ऊतकों, अंगों या वीर्य का दान नहीं करना चाहिए।
